तेरी मेरी कहानी के
कुछ अंश अभी बाकी हैं
तुझे कुछ कहना
और मुझे कुछ सुनना बाकी है
अभी तो लुटाएं हैं तुमपे
सिर्फ ये जान -ओ-दिल
अभी तो ये दुनिया
ये कायनात बाकी है।
---सौरभ वैश्य


तेरी मेरी कहानी के
कुछ अंश अभी बाकी हैं
तुझे कुछ कहना
और मुझे कुछ सुनना बाकी है
अभी तो लुटाएं हैं तुमपे
सिर्फ ये जान -ओ-दिल
अभी तो ये दुनिया
ये कायनात बाकी है।
---सौरभ वैश्य