मैंने की है मोहब्बत, इसमें नया क्या है पुराना क्या है जब हो ही गयी है ,तो बेवकूफ क्या है सयाना क्या है अगर है करना तो जानेजान ,इश्क एक बार करो ये मिटाकर लिखना,और लिखकर मिटाना क्या है जो अगर होना है तुझे रुखसत ,तो हो जा सितमगर ये आकर चले जाना और जाकर लौट आना क्या है अच्छा अब न कहूंगा कुछ, जो तू लौट आई है पर बता ज़ालिम इस बार आने का बहाना क्या है मैं नही हूँ अकेला यहां, मुझ जैसे है कई कतार में जब हुए ख़ाक कई परवाने तो फिर ,ये दीवाना क्या है ये बातों ,ये मुलाकातों, ये जज़्बातों के जो सिलसिले जो ये महोब्बत नहीं ,तो बता ये तराना क्या है