सपने सुहाने लड़कपन से लगाकर

 देश न आना लाडो तक की कहानी है

माँ का दुलार एक लड़की से ,

पिता की शान एक लड़की से,

घर का मान एक लडकी से,

भाई की राखी एक लड़की से,

बहन की सखी एक लड़की से,

पति का प्यार एक लड़की से,

आशिक की की जान एक लड़की से, 

और मेरे घर की शान भी एक लड़की से।

#बेटी