धरती को नमन आसमान को नमन चारो तरफ फैली हरियाली को नमन हवा जो मुझे दी उसको नमन ईशवर तेरी दी हर शय को मेरा नमन... तेरी दी हर सासं जो तु चलाता है़ उस पर दिये अधिकार को नमन उम्मीद जो तुने जगाई कुछ कर दिखने उस उम्मीद को नमन.... हर वक्त मेरे साथ रहना तुझ पर करू ऐतबार इस ऐतबार को नमन ईश्वर तेरी़ दी हर शय को नमन...