ज़िन्दगी भी न कभी कभी इम्तेहान लेती है

कोई पास हो जाता है कोई फेल होता है

लेकिन जो पास होता है वोह तो पास ही होता है

लेकिन जो फेल होकर पास होता है उसका मजा कुछ और होता है !

ज़िन्दगी ऐसे ऐसे मोड़ पर लेकर खड़ा कर देती है

की समझ भी न समझ बन जाता है

ज़िन्दगी जब इम्तेहान लेती है तब कोई अपना नहीं होता

लेकिन जब ज़िन्दगी के इम्तेहान में पास होते है तब दुनिया अपनी होती है !!