
ओ रे बाबा हम चाँदी नहीं माँगते
ओ रे बाबा हम सोना नहीं माँगते
हम हीरे का खज़ाना नहीं माँगते
गर हम कुछ माँगते माँगते हैं तो अपना हक
माँगते माँगते माँगते
हम यूँ ही कट जाना नहीं माँगते
हम यूँ ही जल जाना नहीं माँगते
हम यूँ ही मर जाना नहीं माँगते
गर हम कुछ माँगते माँगते हैं तो अपना हक
माँगते माँगते माँगते
पोप सुन लो ज़रा, तुम भी ये दासताँ
हमने सीखी है ये, गैलिलियो की ज़ुबाँ
धर्म तुम्हारा था, हज़्ज़ारों साल से
आज हमारा है, ऐसा उसने कहा
हम स्वर्ग-नरक का फ़साना नहीं माँगते
उलझा हुआ ताना-बाना नहीं माँगते
गर हम क
Read More! Earn More! Learn More!
