
तेरी सख्सियत पर क्या लिखू
एक तेरी सख्सियत ही तो है जिसने जिन्दा रखा है अब तक
बचपन ने एक रंगीन सपना देखा था
अमिताभ बच्चन का,
दिन के उजाले में
ब्लैक एंड व्हाइट टीवी की स्क्रीन पर
वो फाइट, वो गाने, वो डांस
नजर नहीं हटती थी ,
इंतजार रहता था शनिवार और इतवार का
दूरदर्शन के उस ज़माने
Read More! Earn More! Learn More!
