वो सो गए भूखे पेट,

जिन्होंने किये कभी दूसरों के सपने पूरे,

लोगों के लिए मखमली गद्दे बनाने वाले,

कब दो गज जमीन पे सो गए उन्हें भी पता नहीं लगा,

कोई भटका दो टूक खाने के लिए,

तो किसी ने बर्बाद कर दिया पेट भरने पर भी,

किसी को मखमली तकिये पे भी नींद ना आई,

तो कोई पत्थर पे ही सिर रख सो गया,

कशूर ना होने पर भी कशूर महसूस हुआ,

क्यों पैदा हुए गरीब घर में यही सोचते हुए जिंदगी निकल गई!!

करन/@karanrajput0911/@kavishala_hindi