कुछ भी इसलिये नहीं लिखा गया
क्यूँकि वह लिखा जाना चाहिए था
या फिर इसलिये भी नहीं लिखा गया कि
पढ़ने में रुचिकर था
यह इसलिये लिखा गया कईबार
क्यूँकि यह जीवन ना जाने
कितने लोगों द्वारा जीया गया था
जो आम लोगों की समझ से परे
सामान्य जीवन शैली से परे था
Kadambari Kishore


