ड्यूटी के लिये किसी का
दिल तोड़ना पडता है
उसे धोखा देना पडता है
उसे जिन्दगी भर का दर्द देना पडता है
लेकिन क्या करे साहब फर्ज है
निभाना पडता है ।
- जीतेन्द्र मीना /@jitendragurdeh


ड्यूटी के लिये किसी का
दिल तोड़ना पडता है
उसे धोखा देना पडता है
उसे जिन्दगी भर का दर्द देना पडता है
लेकिन क्या करे साहब फर्ज है
निभाना पडता है ।
- जीतेन्द्र मीना /@jitendragurdeh