तुम आखिरी संगीत हो,

तुम आखिरी बहती हवा,

तुम आखिरी हो चांदनी ,

तुम आखिरी मन की हया,


तुम आखिरी खिलती कली,

तुम आखिरी नदिया की धार,

तुम आखिरी कोयल की कूक,

तुम आखिरी मुहब्बत का सार,


तुम आखिरी बारिश की बूंद,

तुम आखिरी सागर का ज्वार,

तुम आखिरी आंखों का अश्रु,

तुम आखिरी स्वयंवर का हार,


तुम आखिरी सांसों का ख्वाब,

तुम आखिरी बच्चे की ज़िद,

तुम आखिरी मेंहदी का रंग,

तुम आखिरी रमज़ान की ईद,


तुम ख्वाब,रंग,ज़िद,ईद,कली,बूंद,अश्रु,हार,

तुम सृष्टि में हो आखिरी तो मैं प्रथम अवतार,

शीघ्र कालचक्र हो पूर्ण हो सृष्टि का संहार,

बस कुछ क्षण को मिले हमको हमारा प्यार।

              जीवननिधि(JD)