कलम उठाई थी की कुछ लिखूंगा तेरे बारे में,
पर न जाने क्यों मैं उलझा ही रह गया तेरे इन खयालों में।
दिल को चैन ही नहीं आता की तू मुझसे इतनी दूर क्यों है,
पास आएगी तो बता दूंगा तुझे अपनी चाहत के बारे में।
-Jलj


कलम उठाई थी की कुछ लिखूंगा तेरे बारे में,
पर न जाने क्यों मैं उलझा ही रह गया तेरे इन खयालों में।
दिल को चैन ही नहीं आता की तू मुझसे इतनी दूर क्यों है,
पास आएगी तो बता दूंगा तुझे अपनी चाहत के बारे में।
-Jलj