है जो तकदीर मेंवो बदलता नहीं,है जो तस्वीर मेंवो निखरता नहीं,जो भीगाये ये बादलतो भीग जाया कर,इस ज़माने में अबकुछ सस्ता नहीं
है जो तकदीर मेंवो बदलता नहीं,
है जो तस्वीर मेंवो निखरता नहीं,
जो भीगाये ये बादलतो भीग जाया कर,
इस ज़माने में अबकुछ सस्ता नहीं