हमारे तरकश मे वो तीर कहाँप्यार भरे नयनों की शोख़ियाँआँखों के तीखे, छलकते तेवरबेनक़ाब करती आपकी पलके,अब घायल करती शायिरा के इरादेओर उस पर आपकी बलखाती चालइस अनोखे अन्दाज़ को देख कर,अख़िर हमारा दिल फिसल ही गया!
हमारे तरकश मे वो तीर कहाँप्यार भरे नयनों की शोख़ियाँआँखों के तीखे, छलकते तेवरबेनक़ाब करती आपकी पलके,
अब घायल करती शायिरा के इरादेओर उस पर आपकी बलखाती चालइस अनोखे अन्दाज़ को देख कर,अख़िर हमारा दिल फिसल ही गया!