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Why is society like this?


प्रतीक हूंँ दुर्गा कायह बतलाया तुमने,

मर्यादा में रहनायह सिखाया तुमने,

बच्ची ही तो थी जबउम्र भर का ज्ञान बताया तुमने,

फिर आज क्यो नही बचाया तुमने ?

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