दृष्टि

जीवन ऐसा था जैसे

रेगिस्तान में कभी न खत्म होने वाला रास्ता

रंगहीन

तुम जीवंत रंगों से भरा एक पैलेट लेकर आए

मेरी दुनिया को

प्यार और दोस्ती के रंगों से भरने के लिए

सपनों और उम्मीदों से

मैं अभिभूत हूँ लेकिन

मुझे डर है

तुम्हारी मुझमें रंगों की भावना जगाने की उम्मीद व्यर्थ है

मुझे आश्चर्य है

क्या

मेरी आँखों में रोशनी भर देने से

मुझे दृष्टि मिल जाएगी???