क्या ख़ासियत है इस बारिश की भीहर बार नयी उम्मीद जगाती है,कुछ राज़ मेरे सुनती हैंकुछ अफ़साने उसके बयां कर जाती है!
क्या ख़ासियत है इस बारिश की भीहर बार नयी उम्मीद जगाती है,
कुछ राज़ मेरे सुनती हैंकुछ अफ़साने उसके बयां कर जाती है!