
चल उड़ चलिए चल उड़ चलिए
कि अब ये देस हुआ बेगाना
चल उड़ चलिए अब कोई ठिकाना
बदला सा लगने लगा ये ज़माना
चल उड़ चलिए चल उड़ चलिए
कि अब ये देस हुआ बेगाना
रिश्ते नाते सब रूठ गये हैं
सारे साथी कहीं छूट गये हैं
अपने घरोंदे अब टूट गये हैं
गुज़र गया हैं अब मौसम पुराना
चल उड़ चलिए चल उड़ चलिए
कि अब ये देस हुआ बेगाना
हीरें भी रोई रांझे भी रोए
किस्से मुहब्बत के अब खोए
कौन सुनाएगा अब ये अफ़साना
चल उड़ चलिए चल उड़ चलिए
कि अब ये देस हुआ बेगाना
यारी सबसे छूट रही है
वो पगडंडी टूट रही है
बंद हुआ है मेलों में जाना
चल उड़ चलिए चल उड़ चलिए
कि अब ये देस हुआ बेगाना
पनघट पे आके मिलना मिलाना
मंदिर की पूजा वो अज़ान सुनाना
ताजिए बनाना वो झाँकी सजाना
चल उड़ चलिए चल उड़ चलिए
कि अब ये देस हुआ बेगाना
कोई लम्ह
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