हो भी शकता है
तुम्हारी बेवफ़ाइओ
शायद तुम्हारी
बेबसी ही हो  !

हो भी शकता है
मगर
हमारी बेव्फाइओ का
कोई जवाब ?

ये के हम  कृष्ण है ?

     लिपटते हुए हर अंग के
     संगमे
     देखते है तुम्हारे स्वप्न  ?

एक और भी बहाना है
है हमारा ,

इन बेवफ़ाइओ है
हमारी जिस्म को
रूह से
अलग करने वाला तराना ,

     -  जहाँ मौत को छू  कर
        बार बार
        वापस चले आते है
        हम