तकलीफों से किनारा भी तो हो सकता है, तुम्हारे बिना गुजारा भी तो हो सकता है,
ये जरूरी नहीं कि ताउम्र तुम्हारा ही रहे,
हमारा दिल हमारा भी तो हो सकता है,
ये ना सोचो कि मर के ख़ाक हो जाएगा,
मेरा जिस्म कोई सितारा भी तो हो सकता है,
हर ग़मगीन मसनद से उतरा हो जरुरी नहीं,
किसी की आँख का उतारा भी तो हो सकता है,
वो खुश भी है , और शादीशुदा भी है,
अमां छोडो, कुंवारा भी तो हो सकता है,
'राहत' ने कहा है कि खुशियों का व्यौपार करो,
मेरे यार मगर इसमें खसारा भी तो हो सकता है,
ये कैसे सोच लिया की हम छोड़ देंगे तुमको,
तुमारा हर जुल्म, गवारा भी तो हो सकता है,
दिल को आवाज सिर्फ महबूब ही नहीं देता,
पुराने यार का पुकारा भी तो हो सकता है,
एक तुम तक ही क्यों समेट के रख लें हम खुद को,
मेरे अतीत, मुझे इश्क दोबारा भी तो हो सकता है