तुम भूखे हो ? हाँ! तो चुप रहो!
तुम बेरोज़गार हो ? हाँ! तो चुप रहो!
तुम बेघर हो ? हाँ ! तुम भी चुप रहो!
तुम रिया को जानते हो ? हाँ!
तुम बोलो ,तुम्हें बोलने का अधिकार है!
तुम कंगना को जानते हो ? हाँ!
तब तुम भी बोल सकते हो!
औऱ यथार्थ दूर कहीं
बैठकर आँशु बहा रहा है!
~गौरव
@Ahrnish


