*बेटियां*
भूख से व्याकुल मन मेरा,
बचपन को बुला रहा था,
माँ के मीठे दूध की याद,
नींदों में सुला रही थी,
बाबा बाबा कहते कहते,
मुट्ठी में भर कर लाई,
कुछ मुँह पर लगी हुई थी,
मिट्टी मुझे खिलाने आई।


*बेटियां*
भूख से व्याकुल मन मेरा,
बचपन को बुला रहा था,
माँ के मीठे दूध की याद,
नींदों में सुला रही थी,
बाबा बाबा कहते कहते,
मुट्ठी में भर कर लाई,
कुछ मुँह पर लगी हुई थी,
मिट्टी मुझे खिलाने आई।