कुछ इस क़दर हुआ ,यहाँ दिल का कत्लमुझे इश्क़ की राह दिखाकरमुस्तफा मजाक करता था।।
कुछ इस क़दर हुआ ,यहाँ दिल का कत्ल
मुझे इश्क़ की राह दिखाकरमुस्तफा मजाक करता था।।