यूँ फ़ासला न रख अपनी कामयाबी का जश्न मना,दुनिया है कभी भला तो कभी बुरा दौर भी होता है।जलवा आज भी उतना ही है मिरा मेरे हजूर,यहाँ अक्स घटने का मतलब कुछ और भी होता है।।भूपेन्द्र डोंगरियाल05/10/2024
यूँ फ़ासला न रख अपनी कामयाबी का जश्न मना,दुनिया है कभी भला तो कभी बुरा दौर भी होता है।
जलवा आज भी उतना ही है मिरा मेरे हजूर,यहाँ अक्स घटने का मतलब कुछ और भी होता है।।
भूपेन्द्र डोंगरियाल05/10/2024