उम्मीद किसी से भी मत करना स्वयं के अलावा स्थिति में जब ठोकर खाओगे चोट लगेगी यकीन करना किसी को दिखाई नहीं देगी ना ही कोई नमक छिडकेगा.... खुद ब खुद संभलना आ जाएगा बेहतरीन जीवन जीने की राह खुलती जाएगी..