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बेशकीमती


मैं भी क्या अनोखा हूँपानी पे पानी से लिखना चाहता हूँ

आग को आग से बुझाना चाहता हूँमैं खुद ही खुद को मशहूर करना चाहता हूँ ।

— _ devendra2428i
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