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मिट्टी


मिट्टी तू, मिट्टी मैं, मिट्टी परमेश्वरबना जो मृदुल मिट्टी सा, विनम्रपैरों के नीचे रौदा फिर भीबन कर अनाज पेट को भरा

हे ईस्वर कर मुझे मिट्टी सा विनम्रहे ईस्वर दे मुझे सी सहनशीलतामिट्टी सी ,हे ईस्वर मिल मुझे मिट्टी सेनिकल कर

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