लाशें कुछ तलाश में है पहचान हो जाय

हमारी आरजू है कि खबरे अफवाह हो जाए


घुल गई है राजनिति अब धर्मं में सारी की सारी

हम चाहते है कि ईश्वर हमारी बात कोई मान जाए