श्याम पिया मोरी रंग दे चुनरिया..
दौड़ी चली में आऊं सुन के तेरी बांसुरिया।
श्याम पिया मोरी रंग दे चुनरिया..
देखें जिधर भी देखें मेरी नजरीया।
तु ही नजर आए मुझे मेरे सांवरीया।
ख्यावो ख्यालों में भी तेरी सूरतिया।
श्याम पिया मोरी रंग दे चुनरिया..
अपने ही रंग में मुझे रंग दे ओ रसीया।
तन मन को रंग दे मेरे मन वसीया ।
ऐसी रंग दे जो ना छुटे सारी उमरिया।
श्याम पिया मोरी रंग दे चुनरिया..

