याद रखियेगा, अँधेरा है तो प्रकाश भी है

कहीं जीवन, तो कभी विनाश भी है

अपनी अपनी करनीं है सब जग की

ज़रूरत बस एक एहसास की है।


बुरा करता है जो, वो हताश भी है

ख़ुशी के हुनर की तलाश सी है

मर मर के जीकर करना क्या है

खुलकर जियो जब तक सांस दी है।


याद रखियेगा, अँधेरा है तो प्रकाश भी है।