किसी छोरे संग ग़लत कर के,
दूसरे छोरे के नाम की माँग न भरनी चाहिए
किसी छोरी संग ग़लत कर के,
दूसरी छोरी के गले में मंगलसूत्र न पहनाना चाहिए।
इश्क़ अगर सच्चा हो तो निभाया भी जाए,
यूँ किसी के जज़्बातों से खेलना नहीं चाहिए।
दिल तोड़कर किसी और से वफ़ा की उम्मीद,
अपने ज़मीर को इतना भी गिराना नहीं चाहिए।
मोहब्बत इबादत है, सौदा नहीं होती,
इसे धोखे और फ़रेब से सजाना नहीं चाहिए।
