1 min read 795.8K reads

वो पढ़ेगी


वो पढ़ेगीमोहोब्बत की दास्ताँदिल में गढ़ेगीलपेटकर करके जिस्म सेयादों की वादियांरूह से मोहोब्बतदिल से पर्दा करेगीवो पढ़ेगी....आखिर,जहन गवाहीउसके बाद भी देगाइश्क़ वाले ख़तम होंगेप्यार की दास्तां रहेगीवो पढ़ेगी...

— बालेन्द्र शर्मा
Read more Earn more Learn more