तुम निहायती बेसब्र इंसान हो
मोहोब्बत का तज़ुर्बा
सीख तो लेते
हमारी गल्तियां जरूर हैं
तुमसे बेहिसाब इश्क़ की
प्यार भरी नजरों से
देख तो लेते
हम तुम्हारी ख़ैरियत की परवाह
इस कदर कर बैठे
की हमसे ही,महोब्बत क्या है?
ये सीख तो लेते
बालेन्द्र शर्मा


तुम निहायती बेसब्र इंसान हो
मोहोब्बत का तज़ुर्बा
सीख तो लेते
हमारी गल्तियां जरूर हैं
तुमसे बेहिसाब इश्क़ की
प्यार भरी नजरों से
देख तो लेते
हम तुम्हारी ख़ैरियत की परवाह
इस कदर कर बैठे
की हमसे ही,महोब्बत क्या है?
ये सीख तो लेते
बालेन्द्र शर्मा