आशिको के आशियानो मे


कभी रात नहीं होती ।


उन पर इख्तियार(अधिकार) करने वाले आसिम(पापी) सुन ,


इख्लास(प्रेम) की इक्तिज़ा (चाह)


इजाजत की मोहताज नहीं होती ।


     बाबूप्रेम अमर