हवाला से तो न आया होगा
मैं मुस्काया
हड़बड़ी में जाते किसी राहगीर का होगा
मैंने देखा दुनिया हड़बड़ी में थी
और भाग रही थी
कैसे जानूंगा किसी जरूरतमंद का था
या किसी अफरात पैसेवाले का
एक रुपये के सिक्के का बोझ
कोई बड़ी तोंद वाला नहीं उठाता
जो भी हो
जिसका भी
तय था अफरातफरी में गिरा होगा
एक रुपये का सिक्का
या फिर कहीं
ओह कहीं
किसी मुर्दे पर उछाला गया तो नहीं था
यह एक रुपये का सिक्का
किसी बूढे के सफल जीवन का स्मृति चिह्न तो नहीं
मैं सहम गया था
कितना अहम होता है
एक रुपये का सिक्का
पाँच पैसे कम का स्टीकर
जूते की कीमत कम होने का वहम फैलाता है
और एक रुपया कम वेतन
उसे सम्मानजनक अंकों से कम कर जाता है
यही एक रुपये का सिक्का
एक कदम आगे होने की
मनोवैज्ञानिक बढ़ोतरी है
एक रुपये का सिक्का
चांदी सा चमक रहा था
हथेलियों में
और उससे पसीने की बू आ रही थी.


