रूठना मनाना

हम आज भी उनसे रूठे हुए है

पर वो हमें मनाये कैसे

हमसे ढेरों बातें करके

अपना प्रेम जताये कैसे

वह कह रही है रूठों मत

कर रहे हैं तुम्हारा इंतजार कब से

रूठने से हमारे उन्हें अकेला सा लगता है

पर रोने से उनके बहुत अपना सा लगता है

कैसे कहें उनसे तुम होती हो साथ

तो हमें हर दिन प्यारा लगता है

रूठना मनाना तो हम दोनों कि जिंदगी का हिस्सा है

यह भी तो हमारे प्यार का एकमात्र किस्सा है

- आशीष कुमार चौहान