पहचान मेरी बस इतनी सी है... बिना लाइसेंस के ड्राइविंग कर लेता हूं, और बिना डिग्री के राइटिंग कर लेता हूं... नफ़रत किसी से कभी की नहीं, जरूरत होती है जिसे मेरी उसे अपनी बाहों में भर लेता हूं... दोस्तों के लिए जान हथेली पर होती है मेरी, और अगर कोई चाहे तो उससे अच्छी-खासी दुश्मनी भी कर लेता हूं... शौक रखता हूं दुनिया-भर में मशहूर होने की, तो वहीं सारी दुनिया में बदनाम होने की हिम्मत भी रख लेता हूं... हरदम हारा हूं मैं प्यार के खेल में, फिर भी ना जाने कैसे हर एक शख्स से उतनी ही मुहब्बत कर लेता हूं... सपने तो मेरे भी हैं खुले आसमानों में उड़ने के, पर बस घर वालों की खुशी के लिए खुद को एक पिंजरे में बंद कर लेता हूं... मुझे ज्यादा कुछ तो नहीं मालूम साहित्य के बारे में, फिर भी खुद को बहला सकूं इतनी प्यारी कलमकारी तो मैं कर लेता हूं... वैसे तो बहुत नाम दिए दुनियावालों ने मुझे, फिर भी बस Ash नाम देने वाले एक फ़रिश्ते को हर पल याद मैं कर लेता हूं...