Poetry 1 min read 791.8K reads

हँसा हूँ मैं


हर मुश्किल में बस यूं ही हँसा हूँ मैं!इसलिए बेक़सूर होते हुए भी फँसा हूँ मैं!!

— अरविन्द जैन
Read more Earn more Learn more