ज़मीन के लिए कत्ल हुए ,जर की हुई लूट
जोरू को बचा लिया ,अब बच्चें लेंगे सूद।
बच्चों ने ज्ञान कमाया,ज़मीन की ना आस थी
ज्ञान ने जर दिलाया ,फिर ज़मीन की क्या औकात थी ।
ज़मीन फिर तू ले ना पाया ,जिसके लिए कत्ल हुआ
जर तो जोड़ा ,जीवन जीया ,पर तू कहाँ सफल हुआ।


