जाने कहा गया है जो आता भी नही है,,
और घर कोई उसके कमाता भी नही है,
रहता है माँ की आँख में हर वक़्त ये सवाल,
बच्चो कोई और खिलाता भी नही है,,
कैसे जिये होंगे वो माँ बाप के बिना
घर में जिनके कोई आता भी नही है
मत करना आप मुझसे कभी मज़हबी बाते,
कुछ इश्क़ के सिवा मुझे आता भी नही है,,
वो भीड़ है के खुद को गवा आया हूँ अर्पित,
आवाज़ कोई दे तो सुनाता भी नही है,,
कह के गया था वो के भुला देगा वो मुझे,
किया जो वादा निभाता भी नही है,,