आइने के टू़टे हुए टुकड़े's image
726K

आइने के टू़टे हुए टुकड़े

टू़टे हुए आइने के टुकड़े जिसमें हमने अपना चेहरा देखा है,

एक में भी वही और सौ टुकड़ों में भी वही देखा है।


इन्सान का नसीब उसकी किसी के लिए चाहत से ही सवंरता है,

अगर कोई किसी को चाहता है तो वो क्या बुरा करता है।


<

Read More! Earn More! Learn More!