मेरा दिल आगे बड़ता नहीं,
वो रहता है उसी के इंतजार में।
मैंने कई दफा अपने दिल को समझाया है,
पर वो मानता नहीं वफा की राह में।
मोहब्बत मेरी सच्ची है,
इसलिए मैं जीत गया हूं तुझे ना पाने की हार में।


मेरा दिल आगे बड़ता नहीं,
वो रहता है उसी के इंतजार में।
मैंने कई दफा अपने दिल को समझाया है,
पर वो मानता नहीं वफा की राह में।
मोहब्बत मेरी सच्ची है,
इसलिए मैं जीत गया हूं तुझे ना पाने की हार में।