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Gali Se


प्यार करना सीखो पेड़ की कली से

हो जाओ मुख्त ज़िन्दगी की बली से

उसने कहाँ अपनी शक्ल दिखा देना

जब भी मैं गुज़रू तुम्हारी गली से

— Anuj
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