आज मैं लिखुंगा, मेरे कत्ल की कहानी,
शोले जलते दिल में, उबलते रक्त की कहानी।
अकेला बहुत ज़िंदगी में, तन्हाई की कहानी,
जिल्लत भरी जिंदगी, रुसवाई की कहानी।
टुकड़ों में बटा दिल, नोच खाते गिद्ध की कहानी।
मजे लेते लोग सभी, हँसती भीड़ की कहानी।
पर कामयाब वही, जो बदल दे वक्त।
फिर मैं लिखुंगा, बदलते वक्त की कहानी।
वक्त को देते बदल, "निग्रह" की कहानी।
फिलहाल मैं शून्य हूँ....
जल्द ही लिखुंगा, अपने अनंत की कहानी...
फिलहाल मैं शून्य हूँ....
जल्द ही लिखुंगा, अपने अनंत की कहानी...
~ अँकुश "निग्रह" @undefinedaf


