वो करते रहे बातें कि 

फिर एक वो दिन आएगा,

सारे बंदिशों से निकल 

यारों से मिला जाएगा ।


है तो नादान आखिर

ये उम्मीदो वाली दुनिया,

ना समझे कि बिता कल

फिर कभी ना दोहराएगा ।।