वो चिता में सुला कर, जला करचुपचाप चले, रो करऊर्जा सी महसूस होती है, घर आ करफिर रो पड़ते है, उसका पड़ा हुआ सामान देख कर .... -अनीता
वो चिता में सुला कर, जला करचुपचाप चले, रो कर
ऊर्जा सी महसूस होती है, घर आ करफिर रो पड़ते है, उसका पड़ा हुआ सामान देख कर .... -अनीता