विभिन्न प्रांत की भाषा से कर समागमसंस्कृत के गर्भ से हुआ मेरा जन्म ,हिन्द के मस्तक की बिंदी हूँ मैंराष्ट्रभाषा से सम्मानित हिंदी हूँ मैं ,
विभिन्न प्रांत की भाषा से कर समागमसंस्कृत के गर्भ से हुआ मेरा जन्म ,
हिन्द के मस्तक की बिंदी हूँ मैंराष्ट्रभाषा से सम्मानित हिंदी हूँ मैं ,