गागर में सागर,सागर में पानी पानी में मोती, मोती में चमक चमक है स्त्री,स्त्री रूप करुणा करुणा है त्याग,त्याग है स्त्री स्त्री ही लक्ष्मी,लक्ष्मी है स्त्री साथ है स्त्री , भाव भी स्त्री सभी रूपो में नेक दिल स्त्री