थोड़ा सा दिल के संभलने की दुआ माँगो महबूबा के हाथों में अब सजी हिना माँगो मुक़द्दर  से  मिला है ,वो  उनका  हाथो में हाथ ख़ुदा से मिलने का जन्मो जन्म का साथ माँगो वो  उनका  उड़ता  दुपट्टा , हवा  में लहराए साजन को तड़पाये,अब जीने की दुआ माँगो तग़ाफ़ुल नही किसी से,खुद से वास्ता रहा क़लबो में अपने सदा,ख़ुदा से  दुआ माँगो ख्यालों  ख़्वाबो  में  तुम  मिलने  आना चाँद तारो से सदा मिलने का पता माँगो मुश्किल में तो बहुत  हूँ ,जरा  ध्यान  देना दिल के पिघलने का उनसे अब पता माँगो बेज़ुबान इश्क़ में हम यूँ हद से गुज़र रहे लब हो गए पत्थर के जब उस ने कहा माँगो इक हवा  का झोख़ा भी आया  ज़िन्दगी में अब ख़ुदा से हमारे  संभलने की दुआ माँगो