अभी जीना है मुझे। अभी सहना है मुझे। छोड़ आया था जो दर्द में पीछे। अभी और जीना है उसे। सोचा था मैंने याद रखूंगा में इस पल को। ना मालूम था मुझे अभी और वो घूंट लहू का पीना हैं मुझे।   अभी जिना है मुझे। अभी सहना है मुझे। छोड़ आया था जो दर्द में पीछे। अभी और जिना है उसे। दर्द का समा कोई भूले ना। इसीलिए वो अपनी दस्तक देता है बार बार। उसे भूलना नहीं, उसके साथ रहना हैं मुझे।   याद रहेगा दर्द जो, खुशी की कीमत पहचानूंगा में। जो भूल गया में वो दर्द, अहम से भर जाऊंगा में। बस इसी लिए वो दर्द जीना है मुझे। अभी सहना है मुझे। छोड़ आया था जो दर्द में पीछे। अभी और जीना है उसे।